UP Police News: नोएडा के सिपाही ने मेरठ में महिला कांस्टेबल से की दुष्कर्म की कोशिश, कार में खींचने का गंभीर आरोप
UP Police News: नोएडा के सिपाही ने मेरठ में महिला कांस्टेबल से की दुष्कर्म की कोशिश, कार में खींचने का गंभीर आरोप
मेरठ, संवाद सूत्र। उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग के भीतर से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। गौतमबुद्ध नगर (नोएडा) में तैनात एक सिपाही पर मेरठ में तैनात एक महिला कांस्टेबल के साथ दुष्कर्म का प्रयास करने और उसे प्रताड़ित करने का संगीन आरोप लगा है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस के आला अधिकारियों ने जांच के आदेश दिए हैं।
क्या है पूरा मामला? (Noida Constable Misconduct Case)
पीड़िता और आरोपी सिपाही दोनों शादीशुदा हैं और पूर्व में नोएडा में एक साथ तैनात रह चुके हैं। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी सिपाही काफी समय से उस पर अनैतिक संबंध बनाने का दबाव बना रहा था और गंदी नजर रखता था। नोएडा में तैनाती के दौरान भी इसकी शिकायत की गई थी, जिसके बाद महिला कांस्टेबल का स्थानांतरण (Transfer) मेरठ हो गया, लेकिन आरोपी ने उसका पीछा नहीं छोड़ा।
ड्यूटी पॉइंट पर पहुंचकर की अभद्रता
घटना 21 मार्च की बताई जा रही है। पीड़िता उस समय ईद की ड्यूटी पर तैनात थी। आरोप है कि नोएडा से सिपाही अपनी कार लेकर मेरठ पहुंचा और महिला कांस्टेबल के ड्यूटी पॉइंट पर जाकर उसे परेशान किया।
रुपयों का लेनदेन: आरोपी ने पीड़िता से 40 हजार रुपये की मांग की, जिसे पीड़िता ने यूपीआई (UPI) के जरिए लौटा दिया।
मोबाइल और चाबी छीनी: इसके बावजूद आरोपी ने महिला कांस्टेबल का मोबाइल छीन लिया और बाद में उसे वापस करने के बहाने बुलाकर मोबाइल तोड़ दिया।
कार में खींचकर दुष्कर्म का प्रयास
शिकायत के अनुसार, जब पीड़िता अपना मोबाइल वापस लेने पहुंची, तो आरोपी ने उसकी स्कूटी की चाबी छीन ली और उसे जबरन अपनी कार में खींचकर दुष्कर्म करने की कोशिश की। पीड़िता ने शोर मचाकर किसी तरह खुद को बचाया और वहां से भागने में सफल रही।
पुलिस प्रशासन की कार्रवाई (Investigation by Meerut Police)
महिला कांस्टेबल की शिकायत पर मेरठ पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए:
जांच अधिकारी की नियुक्ति: सीओ कैंट नवीना शुक्ला को इस पूरे मामले की विस्तृत जांच सौंपी गई है।
साक्ष्यों का संकलन: पुलिस डिजिटल ट्रांजैक्शन (UPI) और मौके के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है।
विभागीय कार्रवाई: जांच रिपोर्ट आने के बाद आरोपी सिपाही के खिलाफ निलंबन और कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
"मामले की जांच मुझे सौंपी गई है। पीड़िता के बयानों और तथ्यों के आधार पर जांच की जा रही है। रिपोर्ट के आधार पर उचित कानूनी कदम उठाए जाएंगे।" — नवीना शुक्ला, सीओ कैंट

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